महानगर के सभी गिरिजाघर में आमद का तीसरा रविवार हर्सोल्लास के साथ मनाया गया। इस दौरान बच्चों और युवाओं में उत्साह देखने को मिला। चारों तरफ साफ सफाई की गई। धार्मिक गीतों की धुन बजती रही। चर्च और क्रिसमस ट्री को फूलों से सजाया गया। अलग-अलग चर्चों में पुरोहितों ने आमद के तीसरे इतवार के संबंध में पढ़कर बताया कि पहला आगमन मानव जाति को बचाने के लिए था, उसके बाद प्रभु यीशु न्यार्य बन कर आने वाले हैं, जो लोगों को अधर्म से दूर करेंगे।