दिल्ली सरकार ने राजधानी की बिजली वितरण कंपनियों का पहली बार कैग से ऑडिट कराने का आदेश जारी किया है। कानूनी लड़ाई में कंपनियों के पीछे हटने के बाद अब उनके खातों की विस्तृत जांच होगी। ऑडिट के दौरान 38000 करोड़ रुपये के रेगुलेटरी एसेट्स समेत बिजली कंपनियों के वित्तीय रिकॉर्ड और खर्च का पूरा ब्योरा खंगाला जाएगा।