जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डायट) में मंगलवार को दो दिवसीय नवाचार मेले का आयोजन किया जाएगा। जिसमें जनपद के चारों ब्लॉक के 90 से अधिक शिक्षकों ने भविष्य में पढ़ाने के रुचिपूर्ण तरीकों का ब्लूप्रिंट पेश किया। भाषा, गणित, अंग्रेजी, सामाजिक विज्ञान के साथ अन्य विषयों को पढ़ाने के सरल तरीकों का मॉडल पेश किया। शिक्षकों टीएलएम के माध्यम से गणित के फार्मूले, विज्ञान की संरचना,सामाजिक विषय के पाठों की तारीखों को याद करने के आसान तरीके प्रस्तुत किए। कठपुतली के माध्यम से छात्रों को हिंदी की मात्राओं के बारे में बताया। प्राथमिक स्तर पर 45,उच्च प्राथमिक स्तर पर 21 माध्यमिक स्तर पर 25 तथा डायट स्तर पर चार्टों का प्रदर्शन किया गया। टीएलएम के माध्यम से नए विचार, बेस्ट प्रैक्टिसेज, टीचिंग स्किल्स, एक्टिव टीएलएम आदि को निर्णायक मंडल द्वारा मूल्यांकित किया गया। मुख्य विकास अधिकारी डॉ शिवाकांत द्विवेदी ने कहा कि नवाचार शिक्षण कौशल में बेहद अहम है। नई शिक्षा नीति भी नवाचार को आगे बढ़ा रही है। डायट प्राचार्य राज सिंह यादव ने बताया कि नवाचार की महत्वता और नवाचार का शिक्षक द्वारा उपयोग कर छात्र हित में कितना उपयोग किया जा सकता है। शिक्षा जगत में नवीन विचारों व नवीन कौशलों की असीम संभावनाएं होती हैं जिनका हमें प्रत्येक स्तर पर उपयोग करना चाहिए। उन्होंने बताया कि चयनित शिक्षकों के मॉडल राज्य स्तर पर भेजे जाएंगे।