केंद्रीय जल आयोग (सीडब्ल्यूसी) की टीम ने टिहरी, कोटेश्वर बांध और झील का दो दिवसीय भ्रमण कर बांध के विभिन्न तकनीकी पहलुओं से रूबरू हुए। टीम ने झील का जलस्तर आरएल (रिवर लेवल) 830 मीटर बढ़ाने से आसपास के क्षेत्र में बढ़ने वाले प्रभाव की जानकारी ली।
केंद्रीय जल आयोग की दो सदस्यीय टीम बुधवार को टिहरी पहुंची थी। सीडब्ल्यूसी के निदेशक अनिल जैन, सतीश काम्बोज ने बृहस्पतिवार को टिहरी, कोटेश्वर बांध और झील के आसपास के क्षेत्र का भ्रमण कर बांध के तकनीकी पहलुओं से रूबरू हुए। टीम ने जलस्तर आरएल 830 मीटर करने के कारण पड़ने वाले प्रभाव, भागीरथी, भिलंगना, सहायक नदियों से बांध में आ रहे पानी और छोड़े जा रहे पानी की जानकारी ली। सीडब्ल्यूसी की टीम शाम को बांध का भ्रमण कर दिल्ली लौट गई है। टीम केंद्र सरकार को बांध के भ्रमण की रिपोर्ट सौंपेगी। टीएचडीसी के अपर महाप्रबंधक (नियोजन) संदीप अग्रवाल ने बताया कि सीडब्ल्यूसी ने बांध का भ्रमण का विभिन्न तकनीकी पहलुओं की जानकारी ली है।