उत्तर रेलवे द्वारा यार्ड रिमाडलिंग के तहत दो वाशिंग और एक सिक लाइन का निर्माण कार्य किया जा रहा है। जिसमें बीते सप्ताह सिक लाइन का काम पूरा कर लिया गया है। वाशिंग लाइन का काम अभी चल रहा है जिसे मार्च 2022 तक पूरा कर लिया जाएगा। इस निर्माण से ट्रेन के बोगियों की मरम्मत और उनके मेंटेनेंस का काम पहले से काफी आसान और जल्दी हो सकेगा।
ट्रेनों की बोगियों के मरम्मत के लिए अब उन्हें यार्ड में खड़े रहने की जरूरत नहीं होगी। दरअसल वाशिंग लाइन में ट्रेन के बोगियों की सफाई के साथ उनकी तकनीकी जांच की जाती है। जांच में खराबी पाए जाने पर उसे सिक लाइन पर रिपेयर के लिए भेज दिया जाता है। जिसके बाद सिक लाइन पर मेंटेनेंस का कार्य शुरू होता है। वाशिंग लाइन की लंबाई 600 मीटर बनाई कई है। ताकि एक पूरी ट्रेन को इसपर लाया जा सके। वहीं सिक लाइन पर ट्रेन की चार बोगियां एक साथ खड़ी की जा सकती हैं।
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कैंट रेलवे के फुलवरिया पंाच नंबर गेट के पास दो नए वाशिंग और सिक लाइन का निर्माण कराया जा रहा है। जिसमें सिक लाइन का काम पूरा कर लिया गया है।- सपना मीणा, एक्सईएन उत्तर रेलवे कैंट