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किसान आंदोलन: रेल और परिवहन पर असर, आज से सब्जी और फलों की आवक हो सकती है प्रभावित

Wed, 14 Feb 2024 12:12 PM IST
Dimple Sirohi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ

सार

किसान आंदोलन का असर पश्चिमी यूपी में भी नजर आना शुरू हो गया है। मंडी में जहां फलों और सब्जियों की आवक प्रभावित हो रही है तो रेल और परिवहन भी प्रभावित हो रहा है। पढ़ें ये रिपोर्ट।
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किसान आंदोलन का असर - फोटो : Amar Ujala
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विस्तार
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दिल्ली में किसान आंदोलन का असर मेरठ समेत आसपास के जनपदों में दिखाई देना शुरू हो गया है। रेल और परिवहन भी प्रभावित होने लगा है। दिल्ली आईएसबीटी जाने वाली बसों को आनंद विहार पर ही रोका जा रहा है। एक्सप्रेसवे से जाने वाली लंबी दूरी की बसों को भी सराय काले खां तक ही चलाया जा रहा है।

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इसी तरह करनाल जाने वाली बसों को पानीपत से वापस भेज दिया गया। किसानों के आंदोलन के चलते रेलवे ने जालंधर से दिल्ली के बीच चलने वाली जालंधर इंटरसिटी सुपर को रद्द कर दिया। वहीं मंडी में फलों और सब्जियों की आवक भी घट गई।

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किसान आंदोलन का असर फल व सब्जी मंडियों पर भी दिखाई देना शुरू हो गया है। मेरठ में जहां काफी फल व सब्जी दिल्ली की मंडियों से आती है वहीं पंजाब से भी किन्नू आदि फलों की आवक होती है। 

मंगलवार को तो मंडियों में फल व सब्जियों की आवक पर कोई असर नहीं  पड़ा, लेकिन मार्ग बंद होने के कारण आज या कल से फल व सब्जियों की आवक कम होना माना जा रहा है। किसान आंदोलन के कारण व्यापारियों ने  दिल्ली आजादपुर, गाजीपुर आदि मंडियों से सब्जी व फल अधिक मंगवाए। 

आवक कम होगी तो महंगाई बढ़ेगी 
मेरठ नवीन सब्जी मंडी में प्रतिदिन टमाटर, प्याज, अदरक, लहसुन, हरी मिर्च, शिमला मिर्च, ब्रोकरी, कमल ककड़ी, मशरूम, फ्रासबिन आदि सब्जियां दिल्ली की मंडियों से आती हैं। सब्जी मंडी में 50 प्रतिशत से अधिक कारोबार बाहर की सब्जियों का होता है। इस संबंध में सब्जी मंडी के एसो. संरक्षक ओमपाल सैनी का कहना है कि मंगलवार को तो दिल्ली से सब्जी की आवक में कोई दिक्कत नहीं हुई। 

अगर आंदोलन लगातार चलता है तो दो-दिन में इसका असर मेरठ सब्जी मंडी पर दिखने लगेगा। सब्जी की आवक कम होगी तो महंगाई भी बढ़ेगी। वहीं, नवीन गल्ला मंडी एसो. के अध्यक्ष मनोज गुप्ता का कहना है कि खाद्यान्न का स्टॉक चार से पांच दिन के लिए सभी व्यापारियों के गोदामों में रहता है। किसान आंदोलन का असर खाद्यान की आवक पर भी पड़ेगा। 

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आमजन को हो रही असुविधा
हाईवे बंद होने से आमजन तक जरूरी सामान, दवा आदि नहीं पहुंच पा रहा है। देश हित में सबको जिम्मेदारी का निर्वाह करना चाहिए। सरकार को तुरंत बात करनी चाहिए। -अमरजीत पिंकी चिन्योटी, मेरठ जोन अध्यक्ष

शहर में बाहर का फल ही बिकता है 
नवीन फल मंडी में दिल्ली, पंजाब, कर्नाटक, महाराष्ट्र और आंध्रप्रदेश आदि  प्रदेशों से फलों की आवक होती है। केला महाराष्ट्र और आंध्र प्रदेश से आता है वहीं किन्नू की आवक पंजाब से हो रही है। थोक विक्रेता मुस्तकीम का कहना है कि फल मंडी का अधिकतर कारोबार बाहर से आने वाले फलों से ही होता है। 
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