ललितपुर। कोतवाली क्षेत्र अंतर्गत मोहल्ला तालाबपुरा निवासी पूर्व सपा जिलाध्यक्ष कैलाश यादव एवं उनके परिजनों समेत पांच लोगों को गैंगस्टर एक्ट के तहत गिरफ्तार किया है। आरोपियों को जेल भेज दिया गया है। जबकि दो आरोपी फरार हो गए।
डीएम और एसपी की संस्तुति पर कोतवाली प्रभारी निरीक्षक विनोद कुमार मिश्रा की तहरीर पर 16 मई को पूर्व सपा जिलाध्यक्ष कैलाश यादव, उनके भाई एवं भतीजों समेत सात आरोपियों के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत रिपोर्ट दर्ज की गई थी। तहरीर में बताया था कि तालाबपुरा निवासी पूर्व सपा जिलाध्यक्ष कैलाश यादव एवं उनके गैंग के सदस्य भाई राजू यादव उर्फ राजेश यादव, इंदल यादव, बलवीर यादव, बेटा जिला पंचायत सदस्य भवानी सिंह यादव, हरी सिंह यादव एवं धर्मेंद्र यादव के साथ मिलकर आम जनता के साथ असलहा से लैस होकर एक राय होकर गाली गलौज कर मारपीट कर गंभीर चोटें पहुंचाना, जान से मारने की नीयत से हमला करना एवं जान से मारने की धमकी देने जैसे अपराध करते हैं। जो अभ्यस्त अपराधी हैं। इनके खिलाफ 24 अप्रैल 2020 को कोविड नियमों का उल्लंघन कर घर में घुसकर गाली गलौज कर जान से मारने की धमकी देने, जान से मारने की नीयत से हमला करने में रिपोर्ट दर्ज हुई थी। वहीं 29 फरवरी 2020 को तालाबपुरा निवासी कृपाल सिंह की तहरीर पर कैलाश यादव, भवानी यादव, हरी सिंह, धर्मेंद्र सिंह के खिलाफ गाली गलौज कर जान से मारपीट की धमकी के मामले में रिपोर्ट दर्ज हुई थी।
सभी आरोपी जमानत पर थे और सभी ने जमानत के नियमों का उल्लंघन किया। इसके आधार पर कोतवाली पुलिस ने गैंगस्टर की कार्रवाई की। इसके बाद पूर्व सपा जिलाध्यक्ष ने गिरफ्तारी से बचने के लिए प्रयागराज हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी लेकिन हाईकोर्ट से राहत नहीं मिली और हाईकोर्ट ने उनकी याचिका निरस्त कर दी। जिसके बाद अब कोतवाली पुलिस ने मामले में आरोपी पूर्व सपा जिलाध्यक्ष कैलाश यादव, बेटा धर्मेंद्र यादव, राजू यादव, इंदल यादव, हरी सिंह को सोमवार की सुबह बंदा के पूंछा से गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश करते हुए जेल भेज दिया। वहीं मामले में अभी बलवीर यादव एवं बेटा भवानी यादव फरार चल रहे हैं।
अपराध एवं अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत सात आरोपियों पर गैंगस्टर की कार्रवाई की गई थी। इनमें कैलाश यादव समेत पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया गया है।
-गिरजेश कुमार, अपर पुलिस अधीक्षक