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महिला दिवस पर विशेष : किशोर दा की नगरी खंडवा की प्रियंका मचा रही धूम, पूरे देश में हो रहे शो

Fri, 08 Mar 2024 12:44 PM IST
रवींद्र भजनी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, खंडवा

सार

मध्य प्रदेश के खंडवा की रहने वाली प्रियंका चौहान पूरे देश में अपना सिंगिंग टेलेंट दिखा रही है। जगह-जगह उसके शो हो रहे हैं।
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प्रियंका चौहान (सिंगर, खंडवा) - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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मध्य प्रदेश के खंडवा जिले की रहने वालीं प्रियंका चौहान का नाम गायकी के क्षेत्र में कोई नया नहीं है। खंडवा के ही हरफनमौला कलाकार किशोर दा को आदर्श मानकर प्रियंका देश के बड़े-बड़े शहरों में अपनी टीम के साथ लगातार शो कर खंडवा का नाम देशभर में रोशन करती नजर आ रही हैं। प्रियंका मूल रूप से खंडवा की ही रहने वाली हैं और किशोर दा की इस नगरी खंडवा में ही उनका जन्म हुआ है। यहां के केंद्रीय विद्यालय से ही उन्होंने अपनी प्रारंभिक शिक्षा पूरी की है। हालांकि, अभी प्रियंका इंदौर में रहती है और मध्य प्रदेश तथा अन्य प्रदेशों में भी जाकर अपना शो कर रही हैं । 

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गायिका प्रियंका मध्य प्रदेश विद्युत मंडल खंडवा में कार्यरत लक्ष्मण सिंह चौहान की पुत्री हैं। खंडवा के ही समाजसेवी सुनील जैन ने बताया कि प्रियंका की रुचि शुरू से ही संगीत और गायकी में रही है। किशोर दा को अपना आदर्श और गुरु मानते हुए उन्होंने संगीत कला का अध्ययन किया है। प्रियंका चौहान ने सुरेश वाडेकर साहब मुंबई से संगीत की विद्या प्राप्त की एवं संगीत में विषारद् प्राप्त किया है। उसके बाद वर्तमान में इन्होंने इंदौर में अपना स्वयं का म्यूजिक ग्रुप भी बना रखा है, जिसका नाम जुनून म्यूजिकल ग्रुप है। प्रियंका का यह ग्रुप मध्य प्रदेश ही नहीं बल्कि प्रदेश के बाहर नागपुर, नासिक, जयपुर, दिल्ली, पुणे और राजस्थान के अलावा कई शहरों में सफल कार्यक्रम दे चुका है।  

किशोर दा की नगरी से हूं और उन्ही का आशीर्वाद है 
खंडवा की रहने वाली प्रियंका जहां भी अपनी सिंगिंग परफॉर्मेंस देने जाती हैं, वे हमेशा यही कहती हैं कि, मैं किशोर दा की नगरी से हूं और मुझे उन्हीं का आशीर्वाद है। उसकी बदौलत ही मैं आज इस मुकाम तक पहुंची हूं। प्रियंका बताती हैं कि इस मुकाम पर पहुंचने के लिए मुझे मेरे परिवार से मेरे माता-पिता का भरपूर सहयोग मिला है, जिन्होंने मुझे इस संगीत के क्षेत्र में आगे बढ़ने पर पूरी मदद की है। मुझे बचपन से ही संगीत का शौक था। केंद्रीय विद्यालय स्कूल खंडवा में भी मैंने संगीत में कई कार्यक्रमों मैं भाग लिया।  

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