- 22 जुलाई- पहला सावन सोमवार व्रत, 23 जुलाई- पहला मंगला गौरी व्रत, 27 जुलाई-कालाष्टमी, मासिक कृष्ण जन्माष्टमी, 29 जुलाई- दूसरा सावन सोमवार व्रत, 30 जुलाई- दूसरा मंगला गौरी व्रत, 31 जुलाई-कामिका एकादशी, 05 अगस्त- तीसरा सावन सोमवार व्रत, 06 अगस्त- तीसरा मंगला गौरी व्रत, मासिक दुर्गाष्टमी, 08 अगस्त- विनायक चतुर्थी, 09 अगस्त- नाग पंचमी, 12 अगस्त- चौथा सावन सोमवार व्रत, 13 अगस्त- चौथा मंगला गौरी व्रत, मासिक दुर्गाष्टमी, 16 अगस्त- पुत्रदा एकादशी, 19 अगस्त- रक्षाबंधन, पांचवां सावन सोमवार व्रत
सावन के शुभ संयोग
- प्रीति योग-सावन के पहले दिन 22 जुलाई को रात 8:50 बजे प्रीति योग रहेगा। इस योग में पूजा शुभ फल देने वाली रहेगी।
- सर्वार्थ सिद्धि योग- सावन मास 22 जुलाई को सिद्धि योग में शुरू होगा। पूरे दिन सिद्धि योग रहेगा। इस योग में की गई पूजा जरूर सफल होती है।
आयुष्मान योग- 22 जुलाई की रात 8:50 बजे के बाद से आयुष्मान योग की शुरुआत होगी, जो अगले दिन 23 जुलाई तक रहेगी।
सावन में इस तरह करें पूजन
- पंडित कौशल्यानंदन वर्धन बताते हैं कि सावन की शुरुआत सोमवार से हो रही है। सावन माह में सोमवार का अति महत्व होता है। भगवान भोलेनाथ के शिवलिंग पर जल व दूध अर्पित करें। तिल के तेल का दीप प्रज्वलित कर फल व फूल अर्पित करें। ऊं नम: शिवाय मंत्र का उच्चारण करते हुए भगवान शंकर को सुपारी, पंचामृत, नारियल व बेल की पत्तियां चढ़ाएं।