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दिल से आज भी तू राजा

Anonymous User

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            जंजीरों से मत डर ए मानव
        
                                                    
                            
तू तो अपनी हुकूमत का दरवाजा है
हारा है भले ही तू वक्त़ से
दिल से आज भी तू राजा है

कधों पर तेरी जिम्मेदारियों का ताज है
आंखों में आसूं है फिर भी मुस्कुराता है
दुनिया सलाम करे या ना करें
आईने में खुद से नजर आज भी मिलता है

गिर कर फिर उठने का हुनर भी तू रखता है
तूफानों से लड़ने का जिगर भी तू रखता है
वक्त़ बदलेगा ये यकीन नहीं करता
पर जिंदगी को अपनी अपने मायने से जीता है
-अर्ली गीत
 
2 महीने पहले
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