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मां से सच्चा रिश्ता और नही

Rajiendar Kumar

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            कविता: माँ
        
                                                    
                            

माँ का रिश्ता सबसे प्यारा,
जग से सुंदर, जग से न्यारा।
अपना कोई और सहारा,
जब भी कोई मुश्किल आए,
साथ खड़ी रहती है माँ।

उंगली पकड़ के चलना सिखाया,
खुद ना खाकर हमें खिलाया।
बच्चे चाहे दुश्मन बन जाएँ,
माँ ही है जो गले लगाती।

सबसे सुंदर, सबसे प्यारा,
माँ का रिश्ता सबसे न्यारा।
-शिखा शर्मा
एक घंटा पहले
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