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शं नो वरुणः

Rajesh Sharma

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            सिन्धु वीरों का अदम्य साहस, अदम्य बल,
        
                                                    
                            
सागर की अनन्त लहरों में बढ़ते प्रबल,
सागर में पनडुब्बी ले चले हमारे वीर तरुण,
मध्य निशा का हो अंधकार या हो अरुण,
निरंतर आगे बढ़ते जाते हमारे वीर वरुण,
शं नो वरुणःशं नो वरुणःशं नो वरुणः
सिन्धु जल में अग्नि प्रदीप्त करते हैँ प्रबल,
जिनको देख भय से काँप जाता है अरि दल.
नीर को चीर देते हैँ भारतीय नौसेना वीर,
सागर के दस्यु से सदा रक्षा करते हैं नीर वीर,
अग्नि हो जल हो या हो पृथ्वी और आकाश,
अनंत शौर्य का दर्शन कराते हैँ कमांडो मार्कोस,
4 दिसंबर को वरुण वीरों ने जब किया आक्रमण,
अग्नि से जल उठा था शत्रु क्षेत्र का सागर,
नौ सेना दिवस पर भारतीय सेना को नमन
शं नो वरुणःशं नो वरुणःशं नो वरुणः
6 महीने पहले
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