हार का डर,
अरमान दबाए...
'कहीं ऐसा ना हो,
कोई परेशानी आ जाए!'
दिल्लगी में अब
नहीं पड़ना राहुल?
वजह शिकस्त की...
क्या सिर्फ़ वो कटु बोल?
भगवान, उस इम्तिहान में,
प्लीज़ पास करा दो 🙏
मेरे टूट चुके मन में...
आप, आके, आस जगा दो
मैं नहीं रोज़ रोज़ की...
अनबन देख पाऊं
ये कांटे दामन में रखो ही नहीं?
क्यों रोना गाऊं...
क्यों कोरा रंगाऊं...
अकेलापन
खल तो रहा है :(
मैला मन
छल तो गया है
अटकलों में
दिन बीतता है...
एक जीत मिल जाए
दिल चाहता है
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