विज्ञापन

वृक्षों लगाओ जीवन बचाओ

Manav Ji

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            कई साल वृक्षों उदास रे ।
        
                                                    
                            
कई साल मान ना सो रे।।
कई साल बादल ना खेल रे।
कई साल बादल ना वृक्षों छाए बैठ रे।।

पहिले साल वृक्षों खुश रे।
पहिले साल मान सो रे।।
पहिले साल बादल खेल रे।
पहिले साल बादल वृक्षों छाए बैठ रे।।
22 घंटे पहले
विज्ञापन

विशेष

आज के शीर्ष कवि Show all

Ankit Kahar

5 कविताएं

View Profile

Shailja Jha

232 कविताएं

View Profile