दिन भर बरसा पानी
रात भर बरसा पानी
घर घर बरसा पानी
टिप टिप बरसा पानी
टप टप बरसा पानी
इधर पानी
उधर पानी
कपड़ों को कहां सुखाऊं?
कैसे बाहर जाऊं?
कहां बाहर जाऊं?
रुको पानी
रोको पानी
दूभर हुई जिंदगानी।
- सत्येन्द्र कुमार सिंह 'सहज'