विज्ञापन

शायरी

Amit Bharti

Campus Shayari
                                    
                                                                        
                            तरस जाता है मेरा दिल तेरी एक झलक पाने को...
        
                                                    
                            
खुशकिस्मत है वो लोग जो तेरे घर के सामने रहते है..!!!

हमें विश्वास है कि हमारे पाठक स्वरचित रचनाएं ही इस कॉलम के तहत प्रकाशित होने के लिए भेजते हैं। हमारे इस सम्मानित पाठक का भी दावा है कि यह रचना स्वरचित है। 
आपकी रचनात्मकता को अमर उजाला काव्य देगा नया मुक़ाम, रचना भेजने के लिए यहां क्लिक करें।

 
8 वर्ष पहले
विज्ञापन

विशेष

आज के शीर्ष कवि Show all