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आज का विचार: विनोद कुमार शुक्ल

काव्य डेस्क

Aaj Ka Vichar
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                            घर बाहर जाने के लिए उतना नहीं होता जितना लौटने के लिए होता है।
        
                                                    
                            

~ विनोद कुमार शुक्ल  
2 वर्ष पहले
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