लाहौल में हाईवे और संपर्क मार्ग खोलने में जुटे बीआरओ की मशीनरी।-संवाद
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कुल्लू। जिला कुल्लू और लाहौल में मौसम खुलने से आम लोगों ने राहत की सांस ली है, लेकिन दुश्वारियां कम नहीं हुई हैं। दो दिनों तक हुई भारी बर्फबारी से जिला कुल्लू में अभी तक एक एनएच सहित 88 मार्ग पूरी तरह से बंद हैं। जबकि लाहौल में भी करीब 130 सड़कों पर यातायात ठप है। बीआरओ ने मनाली-से केलांग तक मार्ग को फोर-बाई-फोर वाहनों के लिए खोल दिया है। वहीं हाईवे 305 को भी बहाल करने में एनएच अथॉरिटी जुट गया है। रिकॉर्ड बर्फबारी से जिले में करीब 500 गांवों का संपर्क न केवल एक-दूसरे से कट गया है, बल्कि उपमंडल व जिला मुख्यालय से भी अलग-थलग पड़ गए हैं।
ग्रामीण इलाकों को जोड़ने वाले मार्ग बंद होने से लोगों को खासा परेशान होना पड़ रहा है। आम लोगों के साथ नौकरीपेशा लोगों व स्कूल-कॉलेज में पढ़ने वाले बच्चों को मीलों पैदल चलना पड़ रहा है। वहीं धार्मिक नगरी मणिकर्ण को जोड़ने वाला भुंतर-मणिकर्ण मार्ग करीब 15 घंटे तक यातायात के लिए बंद रहा। जहां आम लोगों के साथ पर्यटकों के वाहन घंटों तक फंसे रहे। चोज नामक जगह पर एक देवदार का विशालकाय पेड़ गिरने से मार्ग बंद रहा। शुक्रवार रात को गिरे इस पेड़ से एक कार भी क्षतिग्रस्त हो गई। गनीमत रही कि हादसे में जानमाल का नुकसान नहीं हुआ। गाड़ी मंडी की बताई जा रही है और इसमें घूमने को आए लोग चोज गांव में एक होटल में ठहरे हुए थे। जानकारी के अनुसार लोनिवि के निरमंड डिविजन में सबसे अधिक 41 मार्ग ठप हैं। जबकि मनाली में 17, बंजार में 19 और कुल्लू में 11 सड़कों पर बसों के साथ छोटे वाहनों के पहिये जाम हो गए हैं। उपायुक्त कुल्लू आशुतोष गर्ग ने कहा कि बंद सड़कों को बहाल करने के लोनिवि व एनएच को निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि शनिवार को बर्फ हटाकर आठ सड़कों को बहाल किया गया है।