सोनीपत के गांव जाहरी के रहने वाले युवक ने विमानन (एयरलाइंस) कंपनी में नौकरी लगवाने का झांसा देकर लाखों रुपये ठगने का आरोप लगाया है। युवक ने ठगी का आरोप चार आरोपियों पर लगाया है। एसपी को दी शिकायत के बाद सदर थाना पुलिस ने धोखाधड़ी, अमानत में खयानत व धमकी देने का मुकदमा दर्ज कर लिया है।
गांव जाहरी के हरिओम लाकड़ा ने पुलिस को बताया कि 26 फरवरी 2021 को नौकरी के सिलसिले में कुलदीप से मिला था। कुलदीप पानीपत में प्लेसमेंट का कार्यालय चलाता है। आरोपी ने उससे सिक्योरिटी के नाम पर 45 हजार रुपये लिए और उसे डाटा एंट्री का काम 18,000 रुपये प्रति माह के वेतन पर दे दिया। उसने दो महीने उसके लिए काम किया, लेकिन उसे कोई वेतन नहीं मिला। वेतन के लिए कहने पर वह बहाने बनाने लगा।
उसने कहा कि लॉकडाउन की वजह से कंपनी वेतन नहीं भेज रही। फिर उसने आरोपी से अपनी सिक्योरिटी राशि व वेतन वापस देने को कहा। वह लंबे समय तक उस टालता रहा। जब उसने उस पर दबाव बनाया तो आरोपी ने कहा कि पैसे अयान मलिक के पास है। फिर उसने कॉन्फ्रेंस कॉल पर अयान मलिक से बात करवाई तो उसने कहा उसे केवल 12000 रुपये मिले हैं। बाकी राशि कुलदीप के पास है।
जिसके बाद कुलदीप ने मई में उसे 35,000 रुपये लौटाए और बाकी 46,000 हजार अभी तक वापस नहीं किए। जून, 2021 में अयान मलिक का फोन आया कि आरोपी ने कहा कि उसे एयरपोर्ट पर इंडिगो कंपनी में जॉब लगवा देगा। इसके लिए उसे 96,000 रुपये का लैपटॉप लेना पड़ेगा। वह कंपनी में पैसे जमा करवाने के बाद मिलेगा। उसने आरोपी अयान मलिक को 96,000 रुपये जुलाई 2021 में यूपीआई करवा दिए, लेकिन उसे कोई लैपटॉप नहीं मिला।
इस दौरान एक माह बीत गया। ना ही कोई नौकरी मिली व न ही लैपटॉप मिला। अगस्त, 2021 में अयान मलिक का फोन आया और उसने कहा कि वह एयर इंडिया में एचआर में सीनियर मैनेजर की पोस्ट पर जॉब लगवा दूंगा। इसके लिए अयान मलिक ने उसकी मुलाकात कैनात हसनी से करवाई और कहा कि यह एचओडी हैं।
साथ ही कहा कि उसे साढ़े सात लाख रुपये पहले देने होंगे। बाद में अलग से नकदी लगेगी। मिस कैनात हसनी व अयान मलिक ने उसे एक खाता नंबर दिया जो रूखसाना खातून का था और उसने कुल 15 लाख रुपये सितंबर, 2021 में रूखसाना खातून के खाते में यूपीआई करवा दिए। 9 अक्तूबर, 2021 को उसे कैनात हसनी ने बुलाया व पीजी रूम दिखाकर वहां काम करने को कहा।
आरोपी ने खुद को एचओडी बताया। उसने दो माह वहां रुककर अपने लैपटॉप पर काम किया। उसमें से एक महीने का वेतन 40,605 रुपये आरोपी अयान मलिक के खाते से उसे मिला। बाद में अयान ने उसे कहा कि वह दो और लोगों की नौकरी लगवा सकता है। उसने अपनी पत्नी दीपिका और दीपिका के भतीजे कपिल को नौकरी लगवाने को कहा।
उन्हें नौकरी लगवाने के लिए उसने 30 लाख 38 हजार 845 रुपये अपने व दीपिका के बैंक खाते से आरोपी रूखसाना के खाते में यूपीआई करवाए और 60,000 रुपये अपने एक दोस्त के खाते से रुखसाना के खाते में यूपीआई करवाए। दीपिका व कपिल का कोई नियुक्ति पत्र नहीं आया। उसने आरोपी अयान मलिक से नियुक्ति पत्र की बात की तो उसने कहा कि 10 लाख रुपये और लगेंगे।
आरोपी अयान मलिक ने उससे सोनीपत आकर 10 लाख रुपये नकद लिए। इसके बाद अयान मलिक का नौकरी के लिए कोई फोन नहीं आया। वह अपने घर वापस आ गया और अयान मलिक से अपने पैसे वापस मांगे। उसने पैसे देने से इनकार कर दिया और धमकी दी।
आरोपी ने उसकी पत्नी से अभद्र भाषा में बात की। इस पर उसने फरवरी में सदर थाने में शिकायत दी। कोई कार्रवाई न होने पर एसपी कार्यालय में शिकायत दी। अब एसपी के आदेश पर पुलिस ने भादंसं की धारा 420, 406 व 506 के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है।