फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

डेंगू के चार नए मरीज मिले, संख्या 161

विज्ञापन
विज्ञापन
फरीदाबाद। जिले में डेंगू के मरीजों की संख्या बढ़ने का सिलसिला लगातार जारी है। शनिवार को भी स्वास्थ्य विभाग ने चार नए मरीज मिलने की पुष्टि की है। विभाग ने शनिवार तक 17784 डेंगू संदिग्धों के जांच किए, इसमें 161 मामले डेंगू के पाए गए हैं। वहीं मलेरिया के मामले अभी नौ पर स्थिर हैं।
विज्ञापन

जिले में कोरोना का प्रकोप कम होने के बाद वायरल बुखार का प्रकोप लगातार बढ़ रहा है। रोजाना काफी संख्या में मरीज ओपीडी में इलाज के लिए पहुंच रहे हैं। वहीं, डेंगू के मरीजों की संख्या भी लगातार बढ़ती जा रही है। शनिवार को स्वास्थ्य विभाग ने डेंगू के चार नए मरीज मिलने की पुष्टि की है जिसके बाद कुल मरीजों की संख्या 161 हो गई है। डेंगू और वायरल बुखार के कारण अस्पतालों में मरीजों को बेड मिलना मुश्किल हो गया। सरकारी हो या निजी सभी जगह बेड की कमी देखने को मिल रही है। निजी अस्पतालों में स्थिति यहां तक पहुंच गई है कि इमरजेंसी में बेड मिलना तो दूर, इलाज के लिए भी मरीजों को इंतजार करना पड़ रहा है।
बीके अस्पताल की प्रधान चिकित्सा अधिकारी डॉ. सविता यादव ने बताया कि मरीजों का दबाव बढ़ रहा है, लेकिन हमारे पास पर्याप्त बेड उपलब्ध हैं। अस्पताल में आने वाले मरीजों को किसी तरह की परेशानी न हो और उन्हें बेहतर इलाज मिले इसके लिए पूरे इंतजाम किए जा रहे हैं।
विज्ञापन

उप मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. रामभगत ने बताया कि डेंगू के नए मरीजों के मिलने का सिलसिला जारी है। इसकी रोकथाम के लिए हमने एंटी लार्वा एक्टिविटी बढ़ाई हुई हैं। रोजाना घरों में लार्वा की जांच कर नोटिस जारी किए जा रहे हैं और मिलने वाले लार्वा को नष्ट भी किया जा रहा है।
तीन लैब में चल रही जांच
फरीदाबाद। उपायुक्त जितेंद्र यादव ने बताया कि जिले में आईडीएसपी लैब, ब्लड बैंक और मॉलिक्यूलर लैब में तीन एलिसा रीडर काम कर रहे हैं। विभाग की टीमों द्वारा 17784 नमूने लिए गए हैं। परीक्षण में डेंगू के 161 मामले आए हैं। मलेरिया के लिए 44454 स्लाइड्स और आरडीटी के 8738 टेस्ट लिए गए जिसमें मलेरिया के 9 मामले अभी तक आए हैं। उपायुक्त ने बताया कि मच्छरों से डेंगू, वायरल व मलेरिया बुखार जैसी बीमारियां फैलने का खतरा बना रहता है। डेंगू के मच्छर साफ पानी में पनपते हैं, इसलिए पानी की टंकी को अच्छी तरह बंद करके रखें। डॉ. रामभगत ने बताया कि 44 वेक्टर जनित रोगों के लिए नोडल अधिकारी नियुक्त हैं। नागरिक अस्पताल में 18 बेड का डेंगू वार्ड स्थापित है जिसमें आठ मरीज भर्ती हैं। जिले में आपातकालीन उपयोग के लिए 10-15 आरडीपी का एक पूल है। ईएसआईसी मेडिकल कॉलेज में किसी भी आपातकालीन के लिए 70 एसडीपी किट आरक्षित हैं। जिले के 190175 घरों की जांच की गई है। लार्वा मिलने पर 4118 नोटिस जारी किए गए हैं। जुर्माना भी लगाया गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें