केदारनाथ धाम में पर्यावरण संरक्षण और सूखे कूड़े के प्रभावी प्रबंधन के लिए संचालित कैरी मी बैक पॉलिसी के तहत अब तक सात टन सूखे कूड़े का निस्तारण किया जा चुका है। जिला प्रशासन की इस पहल का संचालन नगर पंचायत केदारनाथ, हीलिंग हिमालयास फाउंडेशन और सुलभ इंटरनेशनल के सहयोग से किया जा रहा है। अभियान के तहत यात्री धाम में एकत्रित चार से पांच किलोग्राम तक सूखा कूड़ा भरकर अपने साथ गौरीकुंड तक लाते हैं। इसके बाद सुलभ इंटरनेशनल की ओर से कूड़े का वैज्ञानिक तरीके से निस्तारण किया जाता है। इसमें मुख्य रूप से प्लास्टिक की बोतलें, रैपर और अन्य सूखा अपशिष्ट शामिल होता है। नगर पंचायत केदारनाथ के अधिशासी अधिकारी नीरज कुकरेती ने बताया कि यात्रा अवधि में अभियान के माध्यम से अब तक सात टन सूखा कूड़ा केदारनाथ धाम से गौरीकुंड लाया जा चुका है। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं के सहयोग से यह अभियान आगे भी जारी रहेगा, ताकि केदारनाथ धाम को स्वच्छ और पर्यावरण अनुकूल बनाए रखा जा सके।