प्रसव के बाद जवाहर नगर निवासी प्रसूता के दो बार टांके खुलने से गुस्साए परिजनों ने मंगलवार को सुशीला तिवारी अस्पताल में हंगामा काटा। उन्होंने डाॅक्टरों और अन्य स्टाफ पर इलाज में लापरवाही बरतने और अभद्रता का आरोप लगाया। कहा कि दो बार टांके लगाने के बाद तीसरी बार महिला को अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा है। जवाहर नगर वार्ड 13 निवासी दानिश की पत्नी मुस्कान (22) का 15 जुलाई को सुशीला तिवारी अस्पताल में सामान्य प्रसव से बेटा पैदा हुआ। आशा कार्यकर्ता यशोदा बोरा और दानिश के बड़े भाई मोहम्मद सईद सलमानी ने बताया कि अस्पताल में सामान्य प्रसव के बाद परिजन मुस्कान को घर ले गए। अस्पताल में प्रसव के बाद मुस्कान को लगाए टांके घर जाने के बाद खुल गए। प्रसूता को 19 जुलाई को अस्पताल में दोबारा टांके लगाए गए जो फिर से खुल गए। परिजनों का आरोप था कि दोबारा टांके लगाने के बाद प्रसूता का मल-मूत्र विसर्जन भी बंद हो गया। मंगलवार को प्रसूता को लेकर एसटीएच पहुंचे परिजनों ने हंगामा करते हुए आरोप लगाया कि जब उन्होंने ड्यूटी पर तैनात महिला चिकित्सक से बार-बार टांके खुलने की बात की तो डॉक्टर व अन्य स्टाफ कर्मियों ने अभद्रता की। बाद में किसी तरह मामला शांत हुआ।