कर्णप्रयाग विकासखंड के धल गांव में तीन दिवसीय देव नृत्य की शुरुवात वैदिक मंत्रोचार एवं रीति रीवाज के साथ शुरू हुआ। ढोल, दमाऊं एवं देव जागरों की धुन पर देवताओं के पशावाओं ने देव नृत्य किया। तीन दिनों तक गांव में आयोजन किया जाएगा। देव नृत्य देखने भारी संख्या में पहले दिन ही गांव पहुंचे। विकासखंड के धल गांव में हर तीसरे बरस देव नृत्य का आयोजन होता है। इसमें देवताओं के जागरों और डोंर थाली के साथ ढोल, दमाऊं और भंकोरों की धुन पर गोरिल, भैरव, देवी सहित कई देवताओं के पश्वा नृत्य करते हैं। अपराह्न को देव नृत्य हुआ। देवताओं ने श्रद्धालुओं को आशीर्वाद दिया।