बागेश्वर जिले में काली चतुदर्शी के दिन कालभैरव मंदिर में पूजा-अर्चना करने के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी। भक्तों ने बागनाथ मंदिर में भी जलाभिषेक कर भगवान शिव से सुख और समृद्धि का आशीर्वाद मांगा। श्रावण की चतुदर्शी को काली चतुदर्शी या श्रावण शिवरात्रि के नाम से जाना जाता है। इस दिन शिवालयों में विशेष पूजा की जाती है। जिला मुख्यालय के कालभैरव मंदिर में काली चतुदर्शी के दिन श्रद्धालु विशेष रूप से पूजा-अर्चना करने आते हैं। कोर्ट के रोक लगाने से पहले तक इस दिन कालभैरव मंदिर में बकरियों की बलि दी जाती थी। बलि प्रथा बंद होने के बाद लोग पूजा-अर्चना कर भगवान कालभैरव को खिचड़ी का भोग अर्पित करते हैं। बुधवार को सुबह से ही मंदिर में पूजा करने के लिए भारी संख्या में भक्त आए। बारिश के बावजूद श्रद्धालुओं ने पंडितों से पूजा-अर्चना संपन्न कराई।