महाकवि जयशंकर प्रसाद की जयंती के अवसर पर बृहस्पतिवार को संपूर्णानंद संस्कृत विश्वविद्यालय से चेतगंज स्थित उनके आवास तक पदयात्रा निकाली गई। कुलपति प्रो. बिहारी लाल शर्मा ने हरी झंडी दिखाकर पदयात्रा का शुभारंभ किया। उन्होंने कहा कि इस तरह की पदयात्रा के माध्यम से प्रसाद जी की कृतियों, उनके साहित्य और सांस्कृतिक धरोहर को संजोकर नई पीढ़ी तक पहुंचाने का सशक्त प्रयास किया जा रहा है। काशी की हिंदी साहित्य परंपरा ने देश ही नहीं, बल्कि पूरी दुनिया में अपनी पहचान बनाई है और महाकवि प्रसाद का साहित्य हिंदी को ऐसी अमूल्य धरोहर प्रदान करता है, जिसे युगों तक स्मरण किया जाएगा।