सोनभद्र जिले में किसान नौजवान संघर्ष मोर्चा ने किसानों से जुड़े विभिन्न मुद्दों को लेकर सरकार और प्रशासन का ध्यान आकर्षित किया है। मोर्चा के संयोजक संदीप मिश्रा ने कहा कि फार्मर रजिस्ट्री में तकनीकी खामियों, खाद आपूर्ति की व्यवस्था और डीजल-पेट्रोल वितरण से किसान गंभीर परेशानियों का सामना कर रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि फार्मर रजिस्ट्री के दौरान बड़ी संख्या में किसानों की भूमि का पूरा विवरण दर्ज नहीं हो पा रहा है। जिन किसानों की जमीन तीन-चार अलग-अलग गांवों में है, उनके मामले में पोर्टल केवल एक गांव की भूमि स्वीकार कर रहा है। इससे शेष भूमि पर खाद और अन्य कृषि सुविधाओं के लाभ मिलने में समस्या उत्पन्न हो सकती है। उन्होंने सरकार से पोर्टल में सुधार कर सभी भूमि का विवरण दर्ज करने की व्यवस्था करने की मांग की। आगे उन्होंने कहा कि सोनभद्र के लिए आने वाली खाद की अधिकांश रैक वाराणसी और मिर्जापुर में उतारी जाती हैं, जिससे परिवहन लागत बढ़ती है और किसानों को समय पर खाद नहीं मिल पाती। उन्होंने मांग किया कि खाद की रैक सीधे सोनभद्र रेलवे स्टेशन पर उतारी जाए, ताकि किसानों को समय पर और कम लागत में खाद उपलब्ध हो सके। उन्होंने कहा कि बड़े उद्योगों को गैलन के माध्यम से ईंधन उपलब्ध कराया जा रहा है, जबकि किसानों को आवश्यक मात्रा में डीजल लेने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने मांग की कि किसानों को भी अपने गैलन या जर्किन में कृषि कार्यों के लिए डीजल उपलब्ध कराया जाए, जिससे सिंचाई, जुताई और कृषि यंत्रों के संचालन में बाधा न आए।