सदर तहसील क्षेत्र के कचनार गांव में तालाब की सरकारी जमीन पर बने मदरसे को डीएम कोर्ट ने अतिक्रमण मानते हुए ध्वस्त करने का आदेश दिया था। जिला प्रशासन की सख्ती का असर बुधवार को दिखा। प्रशासन की कार्रवाई से पहले ही मदरसा संचालकों ने भवन को स्वयं ध्वस्त करना शुरू कर दिया। मदरसा संचालक ने मजदूरों की मदद से हथौड़े और अन्य उपकरणों से निर्माण तोड़ना शुरू कर दिया है। कचनार में करीब चार बीघा तालाब की सरकारी भूमि पर लगभग 15 वर्ष पहले कब्जा कर जामिया अब्दुल्लाह बिन मसऊद मदरसे का निर्माण कराया गया था। शिकायत मिलने के बाद तहसील प्रशासन ने मामले की जांच कर कार्रवाई शुरू की। इसके बाद जिलाधिकारी न्यायालय ने भी निर्माण को हटाने के आदेश जारी किए थे।