प्रभारी तहसीलदार की मनमानी और न्यायिक प्रक्रिया में अनदेखी से नाराज अधिवक्ताओं ने बृहस्पतिवार को तहसील परिसर में नारेबाजी की। इस विरोध में तहसील के दोनों अधिवक्ता संघ एकजुट दिखे। बैसवारा अधिवक्ता एसोसिएशन के अध्यक्ष चौधरी राजेंद्र नाथ सिंह के नेतृत्व में अधिवक्ताओं ने कहा कि तहसीलदार के न्यायालय में मनमानी की जा रही है। उनका आरोप है कि प्रभारी तहसीलदार शिवम राठौर कई मामलों में एकतरफा आदेश जारी कर देते हैं। आदेश में न्यायिक प्रक्रिया अपनाई जाती है और न ही दूसरे पक्ष को सुनवाई का अवसर दिया जाता है। बताया कि कई बार बिना किसी निश्चित तिथि के भी आदेश पारित कर दिए जाते हैं, जिससे वादकारी और अधिवक्ता दोनों परेशान होते हैं। बैसवारा सेंट्रल बार एसोसिएशन के अध्यक्ष आरपी सिंह ने कहा कि युवा अधिवक्ताओं को न्यायिक प्रक्रिया को समझना चाहिए। अधिवक्ताओं ने बताया कि इन समस्याओं को पहले भी उच्च अधिकारियों के समक्ष उठाया गया है, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। विरोध के दौरान अधिवक्ता तहसीलदार के न्यायालय भी पहुंचे और स्थिति पर आपत्ति जताई। प्रभारी तहसीलदार शिवम राठौर ने कहा कि न्यायालय में नियमित रूप से सुनवाई की जा रही है। इस मौके पर वरिष्ठ अधिवक्ता शैलेश त्रिवेदी, अशोक शुक्ल, रामनारायण श्रीवास्तव, डॉ. विनय भदौरिया, वीरेंद्र वर्मा, दिनेश वर्मा व पंकज मिश्र मौजूद रहे।