रायबरेली में किसान रामसजीवन का शव फंदे से लटका मिला। बृहस्पतिवार को पोस्टमार्टम के बाद शव घर पहुंचा तो महिलाओं ने पुलिस पर कार्रवाई न करने का आरोप लगाते हुए हंगामा शुरू कर दिया। शव का अंतिम संस्कार करने से मना कर दिया। शाम तक घर वाले गांव के एक युवक के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज करने की मांग पर अड़े रहे। इस पर पुलिस ने दो लोगों के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने का मुकदमा दर्ज किया है। खबर लिखे जाने तक शव का अंतिम संस्कार नहीं किया गया था। जार्जीगढ़ मजरे खरौली गांव निवासी किसान रामसजीवन का शव बुधवार की दोपहर बाग में आम के पेड़ से फंदे से लटकता मिला था। उनकी पोती शिवानी ने गांव के एक युवक पर उनकी हत्या कर शव पेड़ से लटकाने का आरोप लगाया था। जबकि, पुलिस आत्महत्या की बात कह रही थी। इससे परिजन आक्रोशित थे। वहीं पुलिस की जांच में मृतक की जेब से एक सुसाइड नोट मिला था। इसमें बीमारी के चलते हत्या करने और घरवालों को परेशान की बात लिखी थी। बृहस्पतिवार की दोपहर बाद शव गांव पहुंचा तो परिवार के लोग पुलिस पर आरोपी युवक को बचाने का आरोप लगाते हुए हंगामा करने लगे। साथ ही शव का अंतिम संस्कार न करने पर डटे रहे। पुलिस ने समझाने का प्रयास किया तो महिलाएं आक्रोशित हो गईं। बाद में ग्राम प्रधान प्रतिनिधि गंगा विशुन यादव व पूर्व प्रधान दीपक निषाद के समझाने पर शांत हुए।