शहर में कुत्ते और बंदरों का आतंक लगातार जारी है। आए दिन लोगों को अपना शिकार बना रहे हैं और गंभीर रूप से घायल कर रहे हैं। रोजाना जिला अस्पताल में 150 से 200 मरीज एंटी रैबीज इंजेक्शन लगवाने पहुंच रहे हैं। डॉक्टर बीपी कौशिक ने बताया कि जिला अस्पताल में पर्याप्त मात्रा में एंटी रेबीज के इंजेक्शन हैं। इसके अलावा 30 से 35 एआरएस सीरम के इंजेक्शन भी मरीजों को लगाए जा रहे हैं। किसी तरह की कोई कमी नहीं है, जिला अस्पताल में पर्याप्त मात्रा में एंटी रेबीज के इंजेक्शन उपलब्ध हैं।