मथुरा में विश्वविख्यात मुड़िया पूर्णिमा मेला को सकुशल संपन्न कराने के लिए अधिकारियों ने कमर कस ली है। मेला में करीब डेढ़ से दो करोड़ श्रद्धालुओं के आने की संभावना है। ऐसे में अधिकारियों के सामने मेला सकुशल संपन्न कराना चुनौती साबित होगा। बुधवार को अधिकारियों ने बैठक कर रणनीति तैयार की है। पांचजन्य पेक्षाग्रह में हुई बैठक के दौरान डीएम चंद्रप्रकाश सिंह ने बताया है कि मेला क्षेत्र को पूरी तरह नियंत्रित और सुव्यवस्थित करने के लिए 62 सेक्टरों और 9 सुपर जोनों में विभाजित किया है। 22 स्टेटिक मजिस्ट्रेट नियुक्त किए गए हैं, जो अपने-अपने क्षेत्रों में व्यवस्थाओं की सतत निगरानी करेंगे। गोवर्धन परिक्रमा मार्ग पर जगह-जगह रोशनी की व्यवस्था और पुलिसकर्मियों को तैनात किया जाएगा। ताकि सुरक्षा पुख्ता बनी रहे। मेला क्षेत्र में 1250 सोलर स्ट्रीट लाइटें और 450 अतिरिक्त सोलर लाइटें लगाई गई हैं। सीसीटीवी कैमरों से निगरानी और खोया-पाया केंद्र की व्यवस्था की गई है। इसके अलावा उन्होंने कहा है कि प्रयागराज में कुंभ में जिस स्तर की व्यवस्थाएं की गई थीं, उन्हें गोवर्धन में भी दोहराने का प्रयास है। वहीं एसएसपी श्लोक कुमार ने बताया है कि रूट डायवर्जन प्लान को अंतिम रूप दिया जा चुका है। किसी पुलिसकर्मी की क्या जिम्मेदारी है। यह भी तय हो गया है और मेला क्षेत्र में चप्पे-चप्पे पर निगरानी रहेगी। सोशल मीडिया पर भी पैनी नजर रखी जाएगी।