14 फरवरी को उत्तर प्रदेश की 9 जिलों की 55 सीटों पर चुनाव होना है जिसके लिए उम्मीदवारों ने जोर आजमाइश लगा दी है लेकिन इन उम्मीदवारों में से कई ऐसे हैं जो अनपढ़ हैं और कुछ का प्रतिशत ऐसा है जो सिर्फ अपना हस्ताक्षर तक ही कर सकते हैं। यूपी विधानसभा के दूसरे चरण से पहले एसोसिएशन फॉर डेमोक्रेटिक रिफॉर्म्स यानि ADR ने उम्मीदवारों की शैक्षिक योग्यता को लेकर एक रिपोर्ट सामने रखी है जिसके कुछ बिंदु वाकई चर्चा का विषय है और इस बार का विषय है साक्षरता। क्योंकि दूसरे चरण में कई ऐसे उम्मीदवार हैं जो साक्षर नहीं है लेकिन फिर भी चुनावी मैदान में है। एडीआर की रिपोर्ट में सामने आया है की 584 में से एक 193 यानी लगभग 33% प्रत्याशियों ने अपनी शैक्षिक योग्यता पांचवी से बारहवीं के बीच बताई है जबकि 305 ने अपनी योग्यता स्नातक यानी ग्रेजुएशन या उससे ज्यादा बताई है। एडीआर का एक आंकड़ा जिस पर जोरो शोर से चर्चा हो रही है वो है कि दूसरे चरण के 12 उम्मीदवार अनपढ़ है इनमें से 67 उम्मीदवारों ने अपनी योग्यता शैक्षिक और 12 ने बिना शिक्षा के बताई है।