कानपुर के भीतरगांव ब्लॉक क्षेत्र में उमरी गांव के पास उस समय हलचल मच गई, जब ग्रामीणों ने करीब 40 से 50 अज्ञात लोगों के एक समूह को संदिग्ध मानते हुए रोक लिया। ग्रामीणों का कहना है कि समूह के लोगों की बोलचाल की भाषा स्थानीय नहीं थी, जिससे उन्हें शक हुआ और उन्होंने उनसे पूछताछ शुरू कर दी।