अभी पतझड़ नहीं आया, अभी से पत्ते झड़ गए, भाई राहगीर ये हम कौन सी गाड़ी पे चढ़ गए....जैसे ही सिंगर राहगीर ने अपने गीत की प्रस्तुति दी, तो ओपन एयर थियेटर (ओएटी) में मौजूद सभी झूमे उठे। मौका था आईआईटी के अंतराग्नि और अक्षर फेस्टिवल के तहत आयोजित कार्यक्रम राहगीर लाइव का। युवाओं के बीच अपने गीतों से पहचान बना चुके राहगीर ने क्या जयपुर क्या दिल्ली....कच्चा घड़ा हूं सुनाया तो तालियों के शोर से थिएटर गूंज उठा। अंतराग्नि का मीडिया पार्टनर अमर उजाला है।