चंदौली जिले में पड़ाव से गोदना तक सिक्स लेन और फोरलेन निर्माण का कार्य तेज़ी से आगे बढ़ रहा है और 80 प्रतिशत से अधिक काम पूरा हो चुका है। इसी मार्ग पर पड़ाव चौराहे को खूबसूरत और सांस्कृतिक पहचान देने के लिए वाराणसी विकास प्राधिकरण की ओर से योग अध्यात्म दर्शन की विशेष प्रतिमा स्थापित की गई है, जो अब लोगों के आकर्षण का केंद्र बन गई है। इस अनोखी प्रतिमा को पुणे के प्रसिद्ध कलाकार प्रभाकर सिंह ने कूड़े–कचरे को पुनर्चक्रित कर तैयार किया है। इसे लगभग एक माह पहले चौराहे पर स्थापित किया गया था, परंतु तकनीकी कारणों से उस पर पर्दा डाल दिया गया था। लंबे समय से प्रतिमा न दिखने पर लोगों में नाराज़गी भी देखने को मिल रही थी। मंगलवार को आखिरकार प्रतिमा से पर्दा हटा दिया गया, जिसके बाद चौराहा देखने आए लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी। प्रतिमा की कलात्मकता और संदेश ने लोगों को खूब आकर्षित किया। इसे अष्टकोणीय पत्थर पर स्थापित किया गया है, जो योग के अष्टांग सिद्धांतों का प्रतीक है। चौराहे की खूबसूरती बढ़ाने के लिए डिवाइडर के दोनों तरफ सुगंधित फूल भी लगाए गए हैं, जिससे पूरा क्षेत्र हरियाली और ताजगी का एहसास कराता है। सिक्स लेन–फोरलेन परियोजना का कार्य पूरा होने के बाद यह चौराहा आधुनिकता, पर्यावरण और भारतीय अध्यात्म का संगम बनकर जिले की एक नई पहचान देने की ओर बढ़ रहा है।