कंदवा क्षेत्र के असना गांव में बुधवार की दोपहर खेत में जलाई गई पराली से निकली चिंगारी से चार किसानों की सात एकड़ धान की खड़ी फसल जलकर राख हो गई। ग्रामीणों ने अथक प्रयास कर किसी तरह आग पर काबू पाया लेकिन तब पूरी फसल जलकर राख हो चुकी थी। ग्रामीणों ने पराली जलाने वाले किसान को पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया। आरोपी के खिलाफ पीड़ित किसानों ने तहरीर दी है। पुलिस आरोपी को हिरासत में लेकर कारर्वाई कर रही है। गांव निवासी राधेश्याम उपाध्याय ने चार एकड़ धान की खेती की थी। उनकी फसल पककर तैयार थी। उनके खेत से सटे रफीक अंसारी का खेत कंजेहरा गांव के मोनू यादव ने पेशगी पर ली थी जिसकी कटाई हो चुकी थी। बुधवार की दोपहर मोनू यादव पेशगी लिए खेत में धान की पराली जला रहे था। इसी दौरान खेत की ठूंठ से निकली चिंगारी से राधेश्याम उपाध्याय के धान की खड़ी फसल में आग लग गई। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप धारण कर लिया। वहीं फसल में आग लगते ही मोनू यादव भाग कर धान की फसल छिप गया। खेत में आग और धुंआ देखकर जब तक ग्रामीण पहुंचते और आग पर काबू पाते तक तक राधेश्याम उपाध्याय की चार एकड़ धान की खड़ी फसल के साथ पास में स्थित बाबू जान व अरमान की एक एकड़ और बंटाई पर खेत लिए बेचन राम की दो एकड़ सहित कुल सात एकड़ फसल जलकर राख हो गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने आरोपी मोनू यादव को थाने ले गई। इस संबंध में थानाध्यक्ष प्रियंका सिंह ने बताया कि आरोपी से पूछताछ की जा रही है। फसल के मुआवजे के लिए घटना की जानकारी राजस्व विभाग को दे दी गई है।