बदायूं। जिले में लगातार बदल रहा मौसम बच्चों की सेहत पर भारी पड़ने लगा है। कभी झमाझम बारिश, कभी तेज धूप और उमस के कारण दिन-रात के तापमान में हो रहे बदलाव से बच्चों में सर्दी, खांसी, बुखार और लूज मोशन के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। जिला अस्पताल में रोज सौ से अधिक बच्चों को अभिभावक पहुंच रहे हैं। डॉक्टरों का कहना है कि मौसम में लगातार हो रहे बदलाव के बीच एसी, कूलर और पंखे का असंतुलित उपयोग बच्चों के लिए परेशानी का कारण बन रहा है। जिला अस्पताल के फिजिशियन अलंकार सोलंकी के अनुसार छोटे बच्चों में तापमान को सहन करने की क्षमता कम होती है। रात में एसी या कूलर चलने के दौरान यदि बच्चे के शरीर से चादर हट जाती है तो उन्हें जल्दी ठंड लग जाती है। इससे वायरल संक्रमण, सर्दी, खांसी और बुखार की शिकायत बढ़ रही है। वहीं दूषित भोजन, मौसम में नमी और पानी की गुणवत्ता प्रभावित होने से लूज मोशन के मरीज भी लगातार बढ़ रहे हैं। सबसे अधिक परेशानी पांच वर्ष से कम उम्र के बच्चों में देखी जा रही है। फिजिशियन का कहना है कि अभिभावक बच्चों को मौसम के अनुसार कपड़े पहनाएं, एसी का तापमान बहुत कम न रखें और बाहर का खुला या बासी भोजन खिलाने से बचें। बच्चों को पर्याप्त पानी, ओआरएस और हल्का भोजन दें। तेज बुखार, लगातार उल्टी या दस्त होने पर तुरंत डॉक्टर सलाह लें और बिना डॉक्टर की सलाह के दवा न दें।