बिजनौर जनपद के धामपुर में राज्य परियोजना निदेशालय एवं स्कूल शिक्षा महानिदेशक के आदेश पर शुक्रवार से एफएलएन व एनसीईआरटी के पाठ्यक्रम पुस्तकों पर आधारित पांच दिवसीय शिक्षक -शिक्षामित्र प्रशिक्षण शुरू हो गया है। ब्लॉक क्षेत्र के 688 शिक्षक -शिक्षामित्रों को सात चरणों में प्रशिक्षण देकर पारंगत किया जाएगा। खंड शिक्षा अधिकारी मुन्नालाल त्रिवेदी ने बताया कि इस प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य शिक्षक- शिक्षामित्रों की शिक्षण क्षमता संवर्धन कराना है। प्राथमिक विद्यालयों में निपुण विद्यालय का लक्ष्य पूरा करना है। निपुण भारत मिशन के अनुरूप छात्र-छात्राओं के अधिगम समप्राप्ति हेतु कक्षा शिक्षण की प्रक्रिया में सुधार लाना है । सहयोग परीक्षण के माध्यम से संकुल बैठकों के माध्यम से पियरिंग लर्निंग लाना है । बताया कि यह प्रशिक्षण सवेरे 9:30 बजे से दुपहर बाद 5:00 बजे तक होगा। शिक्षकों को प्रशिक्षण देने के लिए पांच प्रशिक्षक अरुण प्रकाश , नवीन कुमार , दीपक कुमार, ललित वीर सिंह ,अक्षय कौशिक को नियुक्त किया गया है । यह प्रशिक्षक नियमित रूप से 9:30 बजे से शिक्षकों को प्रशिक्षण देकर विभाग द्वारा निर्देशित पाठ्यक्रम के आधार पर पारंगत करेंगे। इसमें लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी । शुक्रवार को पहले दिन प्रथम चरण में 100 शिक्षक शिक्षामित्र को शामिल किया गया है। सभी शिक्षक -शिक्षामित्रों को निर्देशित किया गया है कि वह समय से प्रशिक्षण में प्रतिभाग करें। लापरवाही पर कार्रवाई होगी। पुस्तकों पर लिखा क्यू आर कोड बताएगा कि शिक्षकों ने कितनी बार प्रयोग कर बच्चों को पढ़ाया बताया गया कि पाठ्य पुस्तकों पर क्यू आर कोड उल्लेखित है ।प्रत्येक शिक्षक को क्यूं आर कोड से बच्चों को पढ़ना है। सबसे बड़ी बात यह है कि क्यूं आर कोड से पढ़ने पर यह पता लग जाएगा कि शिक्षक ने कितनी बार किस अध्याय को क्यूं आर कोड से पढ़ाया है और उनके द्वारा कितनी बार प्रयोग किया गया है । जो शिक्षक ऐसा नहीं करेंगे । तो पकड़ में आने पर उनके खिलाफ कार्रवाई संभव है।