सूबे के डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने कहा कि आपरेशन सिंदूर से विश्व ने भारत की धमक देखी। देश के वीर जवानों ने आतंकवाद और आतंकवादियों के सीने पर चढ़कर रगड़ा। देशभक्ति भारत की मिट्टी में है। यहां के जवान देश की खातिर हंसते-हंसते अपने प्राणों की आहूति देते हैं। गुरूवार को बैराखास गांव में शहीद सुलभ उपाध्याय की आठवीं पुण्यतिथि पर आयोजित कार्यक्रम में बोल रहे थे। उन्होंने शहीद सुलभ की प्रतिमा पर माल्यार्पण करते हुए हाल का लोकार्पण किया। देश के लिए उनकी कुर्बानी को भी याद किया। डिप्टी सीएम ने शहीद सुलभ के पिता अशोक उपाध्याय का पैर छूकर प्रणाम किया और गले लगाकर भावुक हो गए। कहा कि परिवार के लिए जो हर संभव मदद होगी सरकार से दिलाई जाएगी। केंद्र और प्रदेश सरकार शहीद एवं उनके परिवार के लिए हमेशा खड़ी रही है। उन्होंने कहा कि भदोही के वीर जवानों ने 1857 की क्रान्ति से लेकर 1947 के स्वतंत्रता संग्राम और अब भी अपना सर्वस्व न्यौछावर कर देश को गौरवान्वित किया। राज्यमंत्री दयाशंकर मिश्र दयालु ने कहा कि दिल से निकलेगी न मर कर भी वतन की उलफत, मेरी मिट्टी से भी खुशबू-ए-वतन आयेगी। कहा कि शहीद सुलभ को भी भुलाया नहीं जा सकता। वहीं दूसरी ओर डिप्टी सीएम के आगमन के दौरान सुरक्षा को लेकर पुलिस अलर्ट रही। डिप्टी सीएम के आने से पहले जिला अस्पताल एवं पुलिस लाइन तक जने वाले मार्ग पर र्बैरिकेडिंग कर दी गई। ज्ञानपुर नगर से लेकर बैराखास तक जगह-जगह पुलिस के जवान तैनात रहे। इस मौके पर सांसद डॉ. विनोद बिंद, विधायक विपुल दूबे, जिलाध्यक्ष दीपक मिश्रा, जिला पंचायत अध्यक्ष अनिरूद्ध त्रिपाठी, डीएम शैलेश कुमार, एसपी अभिमन्यु मांगलिक, सीडीओ डॉ. शिवाकांत द्विवेदी सीएमओ डॉ. संतोष कुमार चक, सीएमएस डॉ. अजय तिवारी आदि रहे। सीएमओ पर हुए खफा, बेहतर इलाज का निर्देश उप मुख्यमंत्री बृहस्पतिवार को दोपहर 12.53 बजे पुलिस लाइन में पहुंचे। जहां जवानों ने उन्हें सलामी दी। इसके बाद वह सीधे महाराजा चेतसिंह जिला चिकित्सालय पहुंचे। उन्होंने जिला अस्पताल का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं को परखा। इमरजेंसी से लेकर ओपीडी तक मरीजों का कुशल क्षेम जाना। अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। जरूरी आंकड़ा न देने पर सीएमओ पर नाराज हो गए, हालांकि डीएम ने मामले को संभाल लिया। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों से कहा कि बाहर से कतई दवाएं न लिखें। मरीजों के साथ उचित व्यवहार करें। अगर किसी के खिलाफ शिकायत मिलेगी तो उन पर कार्रवाई तय होगी। डिप्टी सीएम के जाने पर पुलिस और प्रशासन ने राहत की सांस लिया। सीएमओ को निर्देशित किया कि कोई भी चिकित्सक बिना उच्चाधिकारी के अनुमति के जिला नहीं छोड़ेगा। डॉक्टर के अवकाश के जाने पर उनके स्थान पर दूसरे डॉक्टर की ड्यूटी अवश्य लगायें। किसी भी पटल पर मरीजों की लम्बी लाईन न लगे, उन्हें समय-सीमा में चिकित्सक देखकर उपचार दवा व वितरण आदि सुनिश्चित करें। डिप्टी सीएम को पत्रक देकर उठाई मांग विश्वविद्यालय बनाओ संघर्ष समिति के संस्थापक शिवम शुक्ला ने बृहस्पतिवार को डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक से मिलकर केएनपीजी को विश्वविद्यालय बनाने के लिए ज्ञापन दिया। कहा कि महाविद्यालय के पास मानक से अधिक जमीन होने के बाद भी इसे विश्वविद्यालय नहीं बनाया गया। 22 विषय से स्नाकोत्तर होने के बावजूद भी ध्यान नहीं दिया जा रहा है। भाजपा नेता आसिफ खान ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र गोपीगंज को ट्रामा सेंटर बनाने की मांग किया।