कतर्नियाघाट के बिछिया-गिरिजापुरी मार्ग पर बुधवार सुबह एक बाघ ने बाइक सवार राहगीरों पर हमला कर दिया। इस हमले में दादी, पोती और एक बैंक कर्मचारी गंभीर रूप से घायल हो गए। सभी को स्वास्थ्य केंद्र पहुंचकर भर्ती कराया गया। बर्दिया गांव निवासी गुलाम हाफ़िज़ बुधवार सुबह लगभग 9 बजे अपनी मां सफीकुन (60) और भतीजी खतीजा (10) को इलाज के लिए मोटरसाइकिल से चफरिया स्थित एक निजी चिकित्सक के पास ले जा रहे थे। इसी दौरान बिछिया से करीब पांच सौ मीटर दूर अचानक जंगल से निकलकर बाघ सड़क पर आ गया और चलते वाहन पर झपट पड़ा। बाघ ने सफीकुन और पोती खतीजा पर हमला कर दिया। बाइक सवार युवक गुलाम हाफ़िज़ ने तुरंत बाइक रोकी और शोर मचाना शुरू किया तभी अन्य राहगीर भी वहां पहुंच गए। भीड़ देखकर बाघ दोनों को छोड़कर जंगल की ओर चला गया लेकिन हमले में दोनों गंभीर रूप से घायल हुई हैं। उसी समय बिछिया की ओर जा रहे एसबीआई बैंक कर्मचारी रामू (55) पर भी बाघ ने 50 मीटर दूरी पर हमला कर दिया, जिससे वे भी गंभीर रूप से घायल हो गए। महिला और बच्ची के सिर व पैरों में गहरे घाव हैं। दोनों का प्राथमिक उपचार पीएचसी सुजौली में किया गया, जहां से हालत गंभीर होने पर सीएचसी मिहींपुरवा रेफर कर दिया गया। बताया गया कि एम्बुलेंस हेल्पलाइन नंबर पर कॉल करने के बावजूद वाहन समय पर नहीं मिला, जिसके चलते परिजन निजी वाहन से घायलों को अस्पताल ले गए। वहीं बैंक कर्मी रामू को 108 एम्बुलेंस की सहायता से लखीमपुर जिले के रमियाबेहड़ सीएचसी भेजा गया है। घटना के बाद क्षेत्र में दहशत का माहौल है। रेंजर आशीष गौंड ने टीम के साथ मौके पर पहुंचकर गश्त शुरू कर दी है। सुरक्षा व्यवस्था के लिए हथिनी जयमाला और चंपाकली को पेट्रोलिंग के लिए लगाया गया है। वन विभाग ने आसपास से गुजरने वाले राहगीरों को सतर्क रहने की अपील की है।