श्रीराम मंदिर से जुड़े ऐतिहासिक अवसर पर आमंत्रित अतिथियों ने अपने भावुक अनुभव साझा किए। पूर्व प्राचार्य डॉ. अभय सिंह ने कहा कि 500 वर्षों का संघर्ष आज सार्थक हुआ है। उन्होंने बताया कि वर्षों पहले की अयोध्या और आज की अयोध्या में जमीन-आसमान का अंतर दिखाई देता है। शहर के विकास, स्वच्छता और भव्यता ने हर किसी को प्रभावित किया है। उन्होंने इसे ऐतिहासिक और अविस्मरणीय क्षण बताते हुए कहा कि यह केवल धार्मिक नहीं, बल्कि सांस्कृतिक पुनर्जागरण का भी प्रतीक है। इस अवसर पर देशभर से आए श्रद्धालुओं में उत्साह देखने को मिला।