अंबेडकरनगर जिला पंचायत में कथित भ्रष्टाचार के विरोध में बुधवार को ठेकेदार राम आशीष मिश्रा ने मुख्य गेट के सामने अनिश्चितकालीन धरना शुरू किया। धरना सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक चल रहा है। ठेकेदार का आरोप है कि निविदा डालने के बाद उनका 50 हजार रुपये का जमानत चेक रोका गया, जो बाद में उच्च न्यायालय के आदेश पर जारी हुआ। उन्होंने जलालपुर-मित्तुपुर मार्ग के कार्यों का भुगतान भी लंबे समय तक रोके जाने का दावा किया। मिश्रा ने आरोप लगाया कि भुगतान के बदले प्रतिशत के आधार पर धन की मांग की गई। उनका कहना है कि दबाव में आकर एक कार्य में 2.80 लाख रुपये देने पड़े, जिसके बाद प्रक्रिया आगे बढ़ी। तेजापुर-चंदापुर मार्ग के कार्य में भी भुगतान विवाद सामने आया है। ठेकेदार ने बिना उपस्थिति के कार्य में कमी दिखाने का आरोप लगाया। धरने के जरिए उन्होंने राशि वापस दिलाने, निष्पक्ष जांच और एफआईआर दर्ज करने की मांग की है।