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VIDEO: पांच साल की उम्र में गई आंखों की रोशनी, अब दिव्यांगों की जिंदगी को रोशन कर रहीं सिमरन

Arun Parashar Updated Wed, 20 May 2026 08:53 PM IST

पांच साल की उम्र में आंखों की रोशनी गंवाने वाली सिमरन चावला की जिंदगी का मकसद दूसरों की जिंदगियां रोशन करना बन गया है। उन्होंने दिव्यांगजन के सपनों को पूरा करने के लिए खुद को समर्पित कर दिया है। वह अपने हौसलों से दृष्टिबाधित व अन्य तरह की दिव्यांगता से जूझ रहे लोगों को रोजगार, उनकी अंदर छिपी कला को मंच और आय के स्रोत उपलब्ध कराकर तकदीर बदल में सहयोग दे रही हैं। यह कहानी है दिल्ली के जीटीबी नगर निवासी सिमरन चावला की। वह मंगलवार को क्षेत्रीय सेवा योजन कार्यालय में एटिपिकल एडवांटेज कंपनी की नियोजक बनकर दिव्यांगजन रोजगार मेले में आई थीं। उन्होंने बताया कि जब वह पांच साल की थी तो बुखार की एक दवा से उनकी आंखों की रोशनी चली गई। परिजन के तमाम इलाज और 9 ऑपरेशनों पर लाखों खर्च करने के बाद रोशनी नहीं लौट सकी। इसके बाद उन्होंने हिम्मत नहीं हारी और अपनी पढ़ाई को जारी रखा। दिल्ली की हंसराज कॉलेज से कंप्यूटर साइंस से बीएससी उत्तीर्ण की। उन्होंने एनजीओ के साथ मिलकर 500 दिव्यांगों की प्रतिभा को निखारा, प्रशिक्षण देकर उनके आत्मविश्वास पैदा किया। रोजगार लायक बनाकर उन्हें रोजगार दिलवाया। इसके साथ ही पेंटिंग, डांस, गाना व वाद्य यंत्र वाले अच्छी प्रतिभा वालों को मंच मुहैया कराने में मदद की। बहुराष्ट्रीय कंपनियों में 28 से 30 लाख तक पैकेज पर जॉब दिलवाए। उन्होंने बताया कि तीन साल पहले एटिपिकल एडवांटेज कंपनी में कम्युनिटी पार्टनरशिप हेड और हायरिंग टीम से जुड़ी हैं। इसके साथ करीब 2500 दिव्यांगों को नौकरी दिलवा चुकी हैं। उनकी कंपनी करीब 550 प्राइवेट कंपनियों से जुड़ी हैं। इनके लिए वह ट्रेंड एंड हायर और हायर एंड ट्रेंड दोनों रूप से दिव्यांगों को जुड़वाने के लिए कार्य करती हैं। सिमरन बताती हैं कि उन्होंने अपनी आंखों की कमजोरी को कभी अपनी इच्छाओं की पूर्ति में रोड़ा नहीं बनने दिया। वह मॉडलिंग, डांसिंग व अपना यूट्यूब पर वीडियों डालने के शौक को पूरा करती हैं। मॉडलिंग के लिए उन्हें जॉन इब्राहिम ने पुरस्कृत भी किया था। यूट्यूब पर 15 हजार से ज्यादा सब्सक्राइब हैं। सिमरन ने बताया कि नई-नई तकनीक उनके लिए ताकत हैं। वह एआई और स्क्रीन रीडर से मोबाइल, कंप्यूटर आदि को चलाती हैं। किसी लिखे हुए को पढ़ने के लिए मोबाइल में उसके फोटो खींचती हैं। स्क्रीन रीडर से उसके बारे में पता कर लेती हैं।

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