नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ़ इंडिया (एनएचएआई) ने अंडरपास बनाने का कार्य तेज कर दिया है। कर्मचारी भी बढ़ा दिए हैं। अगले 10-12 महीने में ये तैयार हो जाएंगे। इनके बनने से हादसों में कमी आएगी। आसपास के लोगों को भी राहत मिलेगी । एनएचएआई आगरा से इटावा के बीच आठ अंडर पास बना रहा है। इनका कार्य लगभग 35 फीसदी पूरा हो चुका है। निर्माण कार्य को तेजी से करने के लिए कर्मचारी भी बढ़ा दिए गए हैं। अगले साल अगस्त तक यह तैयार होने के बाद लोगों के लिए खोल दिए जाएंगे। अभी अंडरपास नहीं होने के कारण लोगों को आवागमन के लिए दिक्कत होती है। कई किमी चक्कर लगाकर दूसरी ओर जा पाते हैं। ऐसे में लंबे समय से इसकी अंडरपास बनाने की ग्रामीण मांग कर रहे थे। एनएचएआई के परियोजना निदेशक संदीप यादव ने बताया कि आठों अंडरपास बनाने का कार्य तेज कर दिया है। ये 10 से 12 महीने में शुरू हो जाएंगे। ब्लैक स्पॉट के चलते बनाए अंडरपास एनएचएआई के अधिकारियों ने बताया कि इन आठ स्थानों पर हादसे होते थे। ग्रामीण हाईवे को पार करके दूसरी ओर जाते थे, इससे हादसों की संख्या बढ़ रही थी। इस पर एनएचएआई की टीम ने सर्वे कर ब्लैक स्पॉट चिह्नित किए। इसका प्रस्ताव सरकार को भेजा। मंजूरी मिलने के बाद कार्य शुरू कर दिया गया। अंडरपास बनने से हादसा में कमी आएगी लोगों की जान भी बचेगी।