15 दिसंबर 2025 को मोहाली के सोहाना में कबड्डी टूर्नामेंट के दौरान राणा बलाचौरिया को गोलियां मारी गई थी। खेल प्रतियोगिता के बीच अचानक हुई फायरिंग में राणा बलाचौरिया की मौके पर ही मौत हो गई थी। मोहाली के सोहाना में कबड्डी प्रमोटर कंवर दिग्विजय सिंह उर्फ राणा बलाचौरिया की सनसनीखेज हत्या के मामले में पुलिस की एंटी गैंगस्टर टास्क फोर्स (एजीटीएफ) ने बड़ी कामयाबी हासिल की है। पंजाब, महाराष्ट्र, कर्नाटक, पश्चिम बंगाल और सिक्किम तक फैले एक इंटेलिजेंस आधारित संयुक्त ऑपरेशन के तहत पुलिस ने पश्चिम बंगाल के हावड़ा से दो शूटर और उनके एक सहयोगी को गिरफ्तार किया है। इस कार्रवाई में सिक्किम पुलिस, मुंबई पुलिस, पश्चिम बंगाल एसटीएफ, केंद्रीय एजेंसियों और स्थानीय हावड़ा पुलिस की अहम भूमिका रही। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान करण पाठक उर्फ करण डिफॉल्टर (निवासी अमृतसर), तरनदीप सिंह (निवासी बरहेवाल, लुधियाना) और आकाशदीप (निवासी उपला, तरनतारन) के रूप में हुई है। करण पाठक और तरनदीप सिंह ही वारदात को अंजाम देने वाले शूटर थे, जबकि तीसरा आरोपी आकाशदीप, विदेश में बैठे हैंडलर अमर खाबे राजपूत का करीबी रिश्तेदार है और उसने शूटरों को छिपने की जगह और अन्य लॉजिस्टिक सहायता मुहैया कराई। यह हत्या 15 दिसंबर 2025 को सोहाना में आयोजित एक कबड्डी टूर्नामेंट के दौरान की गई थी। खेल प्रतियोगिता के बीच अचानक हुई फायरिंग में राणा बलाचौरिया की मौके पर ही मौत हो गई थी। इस घटना से पूरे खेल जगत और इलाके में सनसनी फैल गई थी। हत्या के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए थे।