कभी स्वच्छ जलधारा के रूप में पहचान रखने वाला बुड्ढा दरिया आज शहर में प्रदूषण का सबसे बड़ा स्रोत बन चुका है। दशकों से इसमें बह रहा जहरीला पानी न केवल लुधियाना बल्कि राजस्थान तक के इलाकों में स्वास्थ्य संबंधी गंभीर चिंताओं का कारण बन रहा है। शहर में करीब 14 किलोमीटर तक बहने वाला यह दरिया सात विधानसभा क्षेत्रों से गुजरता है, जिसके किनारे लाखों लोग रहते हैं और उन्हें बदबू, गंदगी तथा बीमारियों के खतरे का सामना करना पड़ता है। बुड्ढा दरिया के कायाकल्प के लिए सरकार की ओर से लगभग 650 करोड़ रुपये की परियोजना पर काम चल रहा है। राज्यसभा सांसद एवं पर्यावरणविद् संत बलबीर सिंह सीचेवाल और उनकी टीम भी दरिया की सफाई में लगातार जुटी हुई है, लेकिन अब तक लोगों को प्रदूषण से अपेक्षित राहत नहीं मिल सकी है। वहीं शहर में बढ़ते वाहनों और औद्योगिक इकाइयों की चिमनियों से निकलने वाला धुआं भी वायु प्रदूषण को लगातार बढ़ा रहा है, जिससे लुधियाना के पर्यावरण और जनस्वास्थ्य पर संकट गहराता जा रहा है।