अमृतसर में कन्नौजिया समाज द्वारा ऐतिहासिक धोबी घाट की खराब हालत और प्रशासनिक अनदेखी के खिलाफ रोष प्रदर्शन किया गया। कन्नौजिया वेलफेयर बोर्ड के प्रतिनिधियों और समाज के प्रधान शिव कुमार कन्नौजिया की अगुवाई में हुए इस प्रदर्शन में समाजिक नेताओं ने आरोप लगाया कि सरकार और विधायक के निर्देशों के बावजूद अधिकारी विकास कार्यों में बाधा डाल रहे हैं। शिव कुमार कन्नौजिया ने बताया कि यह धोबी घाट अंग्रेजों के समय का है और इससे देशभक्तों की यादें जुड़ी हुई हैं। उन्होंने कहा कि 1919 के जलियांवाला बाग कांड के दौरान अग्रणी भूमिका निभाने वाले शहीद नत्थू राम धोबी के वारिस आज बुनियादी सुविधाओं के लिए तरस रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि क्षेत्र के विधायक ने व्यक्तिगत रुचि लेते हुए नगर निगम के अधिकारियों से संपर्क किया और निर्माण के लिए सामग्री भी उपलब्ध करवाई, लेकिन अधिकारियों की कथित मिलीभगत या विरोधी दबाव के चलते यहां बाथरूम निर्माण और अन्य विकास कार्य अधर में लटके हुए हैं। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि नगर निगम के अधिकारी न तो फोन उठाते हैं और न ही कार्यालय में उपलब्ध होते हैं, जिससे लोगों में नाराजगी बढ़ रही है। समाज के लोगों ने पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान, पंजाब प्रभारी मनीष सिसोदिया और मंत्री अमन अरोड़ा से अपील की है कि इस ऐतिहासिक धरोहर को बचाने के लिए तुरंत हस्तक्षेप किया जाए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो समाज द्वारा बड़ा आंदोलन शुरू किया जाएगा।