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MP News: टीकमगढ़ में शिक्षकों ने किताबों से जलाया अलाव, वीडियो वायरल होने पर बोले- कचरे से जलाई थी आग

Mon, 13 Jan 2025 10:06 PM IST
अरविंद कुमार न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, टीकमगढ़

कहते हैं पुस्तक हमें जीवन जीने की राह बताती है और अगर यही पुस्तकों को शिक्षक आग में जलाते नजर आए तो इसे आप क्या कहेंगे? कुछ इस तरह का मामला टीकमगढ़ जिले में सामने आया है, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ है।

यह पूरा मामला टीकमगढ़ में जतारा ब्लॉक के शासकीय हायर सेकेंडरी स्कूल करमोरा से सामने आया है। स्कूल में पदस्थ शिक्षक किताब की एक-एक पन्ने फाड़ कर आग जलाते दिखाई दे रहे हैं। क्योंकि टीकमगढ़ जिले में लगातार तापमान में गिरावट हो रही है और ठंड बढ़ रही है। ऐसे में शिक्षक शिक्षा देने की जगह दिन भर स्कूल में आग जलाकर तापते हैं। 

यह आग किसी लकड़ी से नहीं, बल्कि उन छात्रों की किताबों से आग जलाते हैं, जिन्हें मध्यप्रदेश सरकार गरीब बच्चों के लिए फ्री में देती है। लेकिन ठंड के मौसम में यह किताबें शिक्षकों के लिए हाथ सेंकने का काम कर रही हैं। इस स्कूल में शिक्षकों की प्रतिदिन की दिनचर्या यही है। सुबह 11 बजे पहुंचते हैं तो अलाव जलाकर बैठ जाते हैं और अलाव में विद्या धन को जलाते रहते हैं।

किसी छात्र ने इसका वीडियो बनाया और सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया। जैसा कि आप वीडियो में देख सकते हैं, तीन पुरुष शिक्षक और दो महिला शिक्षक बैठी नजर आ रही हैं। जो आराम से गप्पे मार रहे हैं और किताब का एक-एक कागज फाड़ करके आग जला रहे हैं।

गांव के रहने वाले रामसेवक का कहना है कि यहां पर शिक्षक पढ़ाने की जगह दिन भर अलाव जलाकर आग तापते हैं। अगर उनसे पढ़ाने के लिए बोलो तो धमकी देते हैं, झूठा मामला दर्ज करने की और रिपोर्ट करने की। इसलिए डर के मारे कोई भी ग्रामीण इन्हें पढ़ाने के लिए नहीं बोल पाता है। रामसेवक का कहना है, कोई भी शिक्षक समय से नहीं आता है। जब उनका मन होता है, तब चले आते हैं और जब वापस जाना होता है चले जाते हैं। उन्होंने बताया कि इस संबंध में टीकमगढ़ जिले के जिला शिक्षा अधिकारी को भी कई बार अवगत कराया गया है, लेकिन कोई सुनने वाला नहीं है।

स्कूल के शिक्षक विनोद कुमार का कहना है कि वीडियो चार-पांच दिन पुराना है। एक सप्ताह से ठंड ज्यादा पड़ रही है, इसलिए स्कूल में आग जलाई गई थी। उन्होंने कहा कि स्कूल के आसपास पड़े कचरे से आग जला रहे थे। किताबों से आग जलाने की बात गलत है। इस संबंध में जब जिला शिक्षा अधिकारी आईएल आठिया से बात की गई तो उन्होंने कहा कि ठंड का मौसम है, शिक्षक भी इंसान है, उन्हें भी ठंड लगती है। क्या करें आग जलाना जरूरी है।

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