नौरोजाबाद वन परिक्षेत्र के अंतर्गत ग्राम मसूरपानी में वन विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए भारी मात्रा में अवैध इमारती लकड़ी और फर्नीचर जब्त किया है। यह छापा वन विभाग की टीम ने डीएफओ विवेक सिंह के निर्देशन और एसडीओ कुलदीप त्रिपाठी के मार्गदर्शन में डाला गया। मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर की गई इस छापेमारी में लगभग 0.880 क्यूबिक मीटर सागौन की लकड़ी बरामद की गई।
वन परिक्षेत्राधिकारी पीयूष त्रिपाठी ने बताया कि इस कार्रवाई के दौरान गुलाब पिता गेंदलाल विश्वकर्मा, राजेश पिता बक्शी विश्वकर्मा और दयाराम पिता जगदीश विश्वकर्मा के मकानों से बड़ी मात्रा में लकड़ी जब्त की गई। इसके अलावा, अवैध लकड़ी से बनाए गए कई फर्नीचर भी बरामद किए गए हैं।
वन विभाग ने इस मामले में वनोपज व्यापार विनियम अधिनियम-1969 और वन नियमों की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। वन परिक्षेत्राधिकारी ने बताया कि यह कार्रवाई काफी महत्वपूर्ण रही क्योंकि करीब दस वर्षों बाद मसूरपानी गांव में इस तरह की बड़ी रेड की गई है।
वन माफियाओं पर कसा शिकंजा
गौरतलब है कि नौरोजाबाद वन परिक्षेत्र के ग्राम हड़हा में पहले भी अवैध लकड़ी कटान की शिकायतें मिलती रही हैं, जिन पर समय-समय पर कार्रवाई की गई है। हालांकि, मसूरपानी में पिछले कई वर्षों से कोई बड़ी कार्रवाई नहीं हुई थी। इस रेड से वन माफियाओं पर शिकंजा कसने में वन विभाग को बड़ी सफलता मिली है।
वन संपदा के अवैध दोहन पर लगाम की जरूरत
वन विभाग के अनुसार, क्षेत्र में अवैध लकड़ी कटान और तस्करी की गतिविधियां लंबे समय से जारी थीं, लेकिन स्थानीय स्तर पर प्रभावी कार्रवाई न होने के कारण यह धंधा फल-फूल रहा था। हाल की इस कार्रवाई के बाद अब अन्य संदिग्ध गतिविधियों पर भी नजर रखी जाएगी, ताकि वन संपदा की लूट को रोका जा सके। वन विभाग की इस बड़ी कार्रवाई से क्षेत्र में अवैध लकड़ी कारोबार करने वालों में हड़कंप मच गया है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि आगे भी ऐसी कार्रवाई जारी रहेंगी और अवैध रूप से लकड़ी के दोहन में शामिल लोगों पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।