तकरीबन 13 एकड़ में लहलहाती मक्के की फसल को देखकर किसान के सपने परवान चढ़ रहे थे, क्योंकि फसल में भुट्टे भी शानदार लगे थे। लेकिन उसे क्या पता था कि खेत के बाहर से हरी-भरी दिखने वाली इस फसल को चोरों की नजर लग गई है और वे धीरे-धीरे इसे अनोखे तरीके से चुरा रहे हैं।
दरअसल, चोरों ने इस चोरी के लिए अनोखा तरीका अपनाया। उन्होंने खेत किनारे की फसल को नहीं छुआ, बल्कि खेत के बीच में जाकर मक्के के भुट्टे तोड़े, ताकि कोई बाहर से फसल देखे तो उसे चोरी का पता न चले। अब तक वे इस तरीके से सफल भी हो रहे थे, लेकिन किसी ने उन्हें चोरी करते देख किसान को सूचना दे दी और चोरी का खुलासा हो गया।
जानकारी अनुसार सागर जिले के थाना राहतगढ़ क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम ढकरई निवासी नितिन पिता प्रकाश सिंह ने 13 एकड़ भूमि ठेके पर ली थी, जिस पर उन्होंने मक्का की फसल बोई थी। 5 सितंबर को एक परिचित द्वारा फोन पर जानकारी मिली कि आपके खेत से भुट्टे किसी लोडिंग वाहन से चुराए जा रहे हैं। सूचना मिलते ही वह तत्काल सागर से अपने गांव आए और पाया कि पूरी खेत में मक्का की फसल अस्त-व्यस्त पड़ी है। जगह-जगह बोरियों में भुट्टे भरे हुए हैं, कहीं ढेर लगे हुए हैं और कहीं पर बोरियां रखी हुई हैं। जब गौर से देखा तो जो भुट्टे की फसल तैयार हो गई थी, वह लगभग 80 प्रतिशत चोरी हो चुकी थी।
यह सब देख वह भौचक्के रह गए और तुरंत थाना राहतगढ़ पहुंचकर आवेदन दिया। शंका होने पर खेत मालिक नितिन ठाकुर ने लकी पटेल नाम के लड़के को पकड़ा, जिसने जुर्म कबूल किया और बताया कि हमारे द्वारा पहले भी दो बार पिकअप नंबर एमपी 15 जी 5366 में भुट्टे भरकर भेजे गए हैं और हमारे साथ में नारायण पटेल, महेश पटेल और धर्मेंद्र पटेल ने मिलकर यह चोरी की है।
मामले में किसान के आवेदन पर राहतगढ़ पुलिस ने चार लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर उनकी तलाश शुरू कर दी है।